गीत/नवगीत

तेरी चाहत दूरी है

तेरे बिन, मैं रहा अधूरा, प्रेमी संग तू पूरी है। संग साथ की चाहत मेरी, तेरी चाहत दूरी है। प्रेम का तूने, राग अलापा। अकेलापन मुझको है व्यापा। षडयंत्रों को पूरा करने, कोर्ट में जाकर, किया स्यापा। प्राणों पर आघात किया, फिर कहती मजबूरी है। तेरे बिन, मैं रहा अधूरा, प्रेमी संग तू पूरी है।। […]