बाल कविता

मेरा जन्मदिन

मेरा जन्मदिन आया है,
मन मेरा हर्षाया है,
मनपसंद उपहार मिले हैं,
केक भी प्यारा आया है।

दादा जी ने दिया दुलार,
पापा जी से पाया प्यार,
दादी जी से झप्पी पाई,
मम्मी ने आशीषें अपार

ऐसा जन्मदिन आता रहे,
ढेरों खुशियां लाता रहे,
रखूंगा मैं सबका ध्यान,
सबसे प्रेम का नाता रहे।

— लीला तिवानी

*लीला तिवानी

लेखक/रचनाकार: लीला तिवानी। शिक्षा हिंदी में एम.ए., एम.एड.। कई वर्षों से हिंदी अध्यापन के पश्चात रिटायर्ड। दिल्ली राज्य स्तर पर तथा राष्ट्रीय स्तर पर दो शोधपत्र पुरस्कृत। हिंदी-सिंधी भाषा में पुस्तकें प्रकाशित। अनेक पत्र-पत्रिकाओं में नियमित रूप से रचनाएं प्रकाशित होती रहती हैं। लीला तिवानी 57, बैंक अपार्टमेंट्स, प्लॉट नं. 22, सैक्टर- 4 द्वारका, नई दिल्ली पिन कोड- 110078 मोबाइल- +91 98681 25244