Author: डॉ. महेन्द्रकुमार जैन ‘मनुज

इतिहास

राजस्थान के शेरगढ़ पहाड़ी पर जैन पुरावशेष

राजस्थान के बारां जिले के मांगरोल शेरगढ़ के किला से लगभग 30 किलोमीटर, प्रसिद्ध जैन तीर्थ क्षेत्र चांदखेड़ी से 25

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धर्म-संस्कृति-अध्यात्म

जिसे देवी रुक्मणी कहा जा रहा क्या वह अंबिका प्रतिमा है?

दमोह जिले के जैन तीर्थ क्षेत्र कुंडलपुर स्थित माता रुक्मणी देवी के मंदिर में एक बार फिर ऐतिहासिक प्रतिमा विराजमान

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इतिहास

ब्रिटिस लाईब्रेरी में प्राकृत कल्पसूत्र की सर्व प्राचीन पाण्डुलिपि

ब्रिटिस लाईब्रेरी में कल्पसूत्र की सर्व प्राचीन और उन्नीसवीं शती तक ज्ञात एक मात्र पाण्डुलिपि सुरक्षित है। यह प्राकृत भाषा

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इतिहास

मुद्गड रामलिंग वसदि में ऐतिहासिक श्रमण परम्परा का पुरातत्त्व

जैन धर्म का वर्चस्व चालुक्य और राष्ट्रकूट शासकों के शासन काल में अपने चरम पर था और इन शासकों के

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इतिहास

अद्भुत सर्वतोभद्र तीर्थंकर प्रतिमा

चेन्नई संग्रहालय में एक सर्वतोभद्र अर्थात् चारों दिशाओं में चार तीर्थंकरयुक्त (चतुर्मुखी) प्रतिमा संग्रहीत है। इसकी जानकारी विश्व जैन संगठन

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इतिहास

खजुराहो की सपरिकर अनूठी आदिनाथ जिन प्राचीन प्रतिमा

खजुराहो मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले में स्थित है और अत्यन्त कलापूर्ण भव्य मंदिरों के कारण विश्व भर में प्रसिद्ध पर्यटन

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राजनीति

आरएसएस का अखण्ड भारत का स्वप्न साकार होने के लक्षण दिखने लगे हैं

देश का सबसे शक्तिशाली सांस्कृतिक स्वयंसेवी संगठन ‘राष्ट्रीय स्वयंयेवक संघ (आरएसएस) अपने जन्म के समय से ही अखण्ड भारत की

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