Author: *डॉ. सत्यवान सौरभ

धर्म-संस्कृति-अध्यात्म

गोवर्धन पूजा से श्रद्धा बढ़े, दिखावा नहीं। 

दीपों की कतारें अभी बुझी भी नहीं होतीं कि अगली सुबह गोवर्धन पर्व आ जाता है। यह त्योहार केवल भगवान

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धर्म-संस्कृति-अध्यात्म

धनतेरस: समृद्धि का नहीं, संवेदना का उत्सव

धनतेरस का नाम लेते ही आंखों के सामने दीपों की उजास, सोने-चांदी की झिलमिलाहट, बाज़ारों का रौनकभरा शोर और पूजा

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सामाजिक

बढ़ती छात्र आत्महत्याएँ: कानून हैं, लेकिन संवेदना कहाँ है?

भारत जैसे युवा देश के लिए यह एक शर्मनाक सच्चाई है कि यहाँ हर साल हज़ारों विद्यार्थी पढ़ाई, प्रतिस्पर्धा और

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