कविता

विरह वेदना की पीड़ा

विरह वेदना की पीड़ा को भला वे क्या जानेंगे ? जो छोड़ गए बेबस हमें अपना क्या मानेंगे ? तपते रेगिस्तान में जैसे कोई मुसाफिर भटक जाए, दूर दूर तक हरा वन जल उसे कहीं न दिख पाए। इस धधकती प्यास को भला वे क्या जानेंगे ? जो छोड़ गए बेबस हमें अपना क्या मानेंगे […]

राजनीति

भारत की धाक

अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव लगभग आने वाले हैं, प्रचार और बयान बाजी चरम पर है। सम्पूर्ण विश्व का आकर्षण भी इस चुनाव में निहित समझें तो गलत नही होगा, क्योंकि विश्व जानता है कि अमेरिका के नेतृत्व परिवर्तन से विश्व के कई निर्णयों में परिवर्तन भी संभव है। जहां वर्तमान राष्ट्रपति ट्रंप अपनी ताकत बढ़ाने […]

गीत/नवगीत

ऐ युवा हिन्दूस्तान सुनो

हम ना भूलेंगे देश के वीरों का बलिदान सुनो। उठो, जागो, कमर कसो, ऐ युवा हिन्दूस्तान सुनो।। शत्रु चढ़ आया सरहद पर, देश की आन ना जाने पाए, जान भी जाये पर सम्मान न जाने पाए। डटे रहना, सीना तानें, मेरे वीर जवान सुनो, उठो, जागो, कमर कसो, ऐ युवा हिन्दूस्तान सुनो।। कहां हो देश […]

गीत/नवगीत

नारि ईश्वर का स्वरूप

क्यों पुरुष को खुश करने हर समझौता करती हो, क्या कारण है जो अपनी स्वछंदता से डरती हो। तुम निर्भीक हो, निडर हो, है अदम्य साहस तुममे, भान नही क्या ? कि तुम ही, सृष्टि निर्धारण करती हो। पिता, भाई, पति, बच्चा सबको तुमने प्यार दुलार दिया, धन्य है वे परिवार जिन्होंने उस नारि को […]

धर्म-संस्कृति-अध्यात्म

कहाँ गई गौचर भूमि ?

गोप्रचारं यथाशक्ति यो वै त्यजति हेतुना। दिने दिने ब्रह्मभोज्यं पुण्यं तस्य शताधिकम्।। तस्माद् गवां प्रचारं तू मुक् त्वा स्वर्गात्र हीयते। यश्छिनत्ति द्रुम पुण्यं गोप्रचारं छिनत्यपि।। तस्यैकविंशपुरुषाः पच्यन्ते रौरवेषु च। गोचारध्नं ग्रामगोपः शक्ति ज्ञात्वा तू दण्डयेत्।।                        (पद्मपुराण,सृष्टि० ५१।३८-४०) अर्थ: ‘जो मनुष्य गौओं के लिए यथाशक्ति […]

राजनीति

प्रधान सेवक सीमाओं पर

भारत का चीन से सीमाओं पर विवाद जारी है, गलवान घाटी में चीन के सैनिकों द्वारा धोखे से किए गए हमले में वीरगति को प्राप्त सैनिकों के बलिदान से संपूर्ण देश में आक्रोश है, जगह जगह चीन के समान के बहिष्कार का आहवान हो रहा है, चीनी राष्ट्रपति के पुतले जलाए जा रहे है। इसी […]

कविता

चीनी सामान मत लाना कोई

कौन कहता है हम पीठ दिखाकर आये है, दुश्मन की आंख में आंख डालकर आये है। दो दो हाथ करके भुजाओं के बल का ज्ञान कराया है, लाठी, डंडे, पत्थर से भी चीनियों को खूब छकाया है। जब यह भी युद्ध ही है तो बलिदान भी देना होंगे, कुछ उनके सर काटेंगे तो शीश अपने […]

इतिहास

राजा दाहिर सेन बलिदान दिवस 16 जून

राजा दाहिर सेन सिंधु देश राज्य करने वाले अंतिम हिंदू राजा हुए जिनकी वीरता और पराक्रम से भारत भूमि कई दशकों तक सुरक्षित रही। सन 663 से 712 ईसवी तक राजा दाहिर ने सफल शासन किया। इनसे पहले सिंध के राजा चंद्रसेन बौद्ध बन गए थे। बौद्ध भिक्षुओं के प्रति सिंध में भी सम्मान का […]

सामाजिक

रक्तदान दिवस

दान की महत्ता क्या होती है यह सनातन धर्म से अधिक कौन जानेगा ? हमने अपना तन, शरीर, सर्वस्व देकर भी शरणार्थी की रक्षा की है। राजा शिवि ने एक कबूतर की जान बचाने के लिए अपना पूरा शरीर काट काट कर बाज को दान कर दिया। राजा बलि ने संपूर्ण सृष्टि तथा स्वयं को […]

इतिहास

बंदा सिंह बहादुर (बलिदान दिवस 9 जून)

कश्मीर के पुंछ में एक राजपूत परिवार में इस बालक का जन्म होता है बालक लक्ष्मण दास बचपन में बहुत चपल और उद्दंड थे, अपने मित्रों के साथ बहुत शरारत करते। युवावस्था की कुछ घटनाओं के कारण लक्ष्मण दास का मन सांसारिक संबंधों और परंपराओं से विलग हो गया था उनके मन के इस अवचेतन […]