यूरोप की सड़कों पर बगावत: मजहबी असंतोष या एकीकरण की नाकामी?
यूरोप की सड़कों पर उठता धुआँ अब सिर्फ महँगाई, बेरोजगारी या बदहाल शिक्षा व्यवस्था का सवाल नहीं रह गया है।
Read Moreयूरोप की सड़कों पर उठता धुआँ अब सिर्फ महँगाई, बेरोजगारी या बदहाल शिक्षा व्यवस्था का सवाल नहीं रह गया है।
Read Moreभारत में धार्मिक आयोजनों, त्योहारों, राजनीतिक रैलियों, खेल समारोहों और रेलवे स्टेशनों पर लाखों लोगों की उपस्थिति सामान्य बात है।
Read Moreलोकतंत्र केवल चुनाव कराने की व्यवस्था नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक को समान अधिकार, सम्मान और अपनी पसंद की
Read Moreक्या महिलाएँ पुरुषों से अधिक समझदार होती हैं? यह सवाल पीढ़ियों से लोगों की दिलचस्पी का विषय रहा है। आमतौर
Read Moreगेहूँ दुनिया की सबसे महत्वपूर्ण खाद्य फसलों में से एक है। यह अरबों लोगों को प्रतिदिन आवश्यक कैलोरी और पोषक
Read Moreउस घर में जब भी नन्ही-सी हँसी की घंटियाँ बजतीं, लगता जैसे आँगन में वसंत उतर आया हो और दीवारों
Read Moreविशेष मतदाता गहन परीक्षण अभियान (एसआईआर) और चुनाव आयुक्तों की इस्तीफे की आड़ में देश की संवैधानिक संस्थाओं को कमज़ोर
Read Moreभारतीय संस्कृति मूलतः उत्सवधर्मिता, आध्यात्मिक चेतना और उदात्त जीवन मूल्यों का ऐसा संगम है, जहाँ प्रत्येक पर्व केवल आनंद मनाने
Read Moreहर साल दशहरे की शाम रावण के विशाल पुतले धू-धू कर जलते हैं। आतिशबाजी की चमक, पटाखों की गूंज और
Read Moreप्रस्तावना इतिहास केवल राजाओं, युद्धों, साम्राज्यों और राजनीतिक परिवर्तनों का वृत्तांत नहीं है। वह उन असंख्य स्त्री-पुरुषों के जीवन, श्रम,
Read More