जिम्मेदारी का तराजू
बचपन की वह मासूम सी बातें,अब पीछे छूटने लगी हैं,ख्वाबों की नाजुक सी डोरियाँ,वक्त के साथ टूटने लगी हैं।बाजार की
Read Moreबचपन की वह मासूम सी बातें,अब पीछे छूटने लगी हैं,ख्वाबों की नाजुक सी डोरियाँ,वक्त के साथ टूटने लगी हैं।बाजार की
Read Moreराज को राज रहने दो,नाराज को नाराज रहने दो,ये नाराजगी होती ही नहींअगर वो अपना होता,अलग होते ही क्योंजब दो
Read Moreहो सके तो समय पर प्रहार कीजिए,सामाजिक मुद्दों पर पुनः विचार कीजिए,हमारी सारी कवायदें अधूरी हैं,अगर मिटती नहीं सबकी मजबूरी
Read Moreजहां जय भीम है,वहां अम्बेडकर है,और जहां अम्बेडकर हैवहां अम्बेडकरवाद है,यह सिर्फ एक नारा नहीं,यह तो सदियों की चेतना का
Read Moreमेरी जाति जानने के इच्छुक मेरे नन्हे विद्यार्थियों,अब मैं तुम्हें रोज नई बातें सिखाऊंगा,जाति पांति जरूरी या मजबूरी नहीं बताऊंगा।लील
Read Moreकलम थमाई थी जिन हाथों में,वो जात टटोलने निकले हैं,किताबों के पन्नों को छोड़कर,वो ऊंच नीच अब सीख रहे हैं,अभी
Read Moreछत्तीसगढ़ में अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) और अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) समुदायों के भीतर पनप रहा वर्तमान असंतोष
Read Moreसफेद बालों को देखकरअपनी पत्नी से कह दिया किअब तो तुम बूढ़ी हो रही हो,अपने आज में खो रही हो,उसने
Read Moreजो कल तक था अडिग पहाड़,वो आज बोझ बन गया,बदले वक्त के इस दौर में,बाबा आदम की खोज बन गया,जिस
Read Moreचलो हकीकत कोफिर दोहराओ मित्रों,बिरसा, अम्बेडकर, कलाम कोफिर से लाओ मित्रों,अजीब सी तकलीफ होती हैकाल्पनिक आकारों के पीछेआंख मूंद भागते
Read More