नज़र जमीन पर होती है।
रहे आसमानों में उड़ते मगर नज़र जमीन पर होती है। ऐसे मिजाज तो बस अच्छे इंसान में होती है। चाहे
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Read Moreउसूलों के सिक्कों का कोई मोल नहीं है आज के बाज़ार में जैसे चवन्नी-अठन्नी नहीं चलते—– किसी भी व्यापार में!
Read Moreराकेश का तबादला शिमला हो गया। मैं और राकेश अभी -अभी समान के साथ पहुंचे थे ।आते के साथ हमें
Read Moreस्वतंत्रता दिवस के पावन पर्व को मनाए कुछ इस तरह जाति धर्म के भेद को भूलकर बन जाए एक समान
Read Moreक्या है आजादी के मायने आज के परिवेश में…….. अभिव्यक्ति की आजादी व्यक्तित्व की आजादी या जीने की आजादी! मरने
Read Moreतू जब चले उस राह पर जहां न हो कोई संगी साथी न घबरा—न भयभीत हो अगर होगी लग्न सच्ची
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