Category : लेख


  • गिफ्ट में चांद

    गिफ्ट में चांद

    मुझे गिफ्ट में चांद मिला है. मैं यह चांद किसी को नहीं दूंगी. मुझसे कोई मांगना भी मत. पता है कब मिला था मुझे गिफ्ट में चांद? 1970 में, जब मैं महज 10 साल की थीं, तब...




  • रक्तदान: दे सकता है जीवनदान

    रक्तदान: दे सकता है जीवनदान

    आज विश्व रक्तदान दिवस है. कुछ लोग सोचते हैं कि ब्लड डोनेट नहीं करना चाहिए क्योंकि इससे कई तरह के साइट-इफेक्ट हो सकते हैं. दरअसल, लोगों में कई तरह की भ्रांतियां हैं जिसके कारण वे रक्तदान...

  • तीन कसौटियां, तीन कारण

    तीन कसौटियां, तीन कारण

    तब की बात- तीन कसौटियां प्राचीन यूनान में सुकरात अपने परीक्षण के लिए बहुत प्रसिद्ध थे. वह बिना परीक्षण किए किसी बात को नहीं मानते थे. एक दिन उनका एक परिचित उनसे मिलने आया और बोला,...

  • इच्छा मृत्यु

    इच्छा मृत्यु

    नानी माँ ठीक़ ही तो कहती थी, जो बच्चे बचपन में ‘लोरियों ‘ से चूक जाते हैं, ताउम्र उनींदे ही रहते हैं… मैं भी शायद उन्हीं में से एक हूँ! था तो मेरा भाई, मगर मेरे...

  • ईश्वर प्राप्ति और गुरु

    ईश्वर प्राप्ति और गुरु

    गुरू अनुभवी होना चाहिये जिससे वह शिष्य की कठिनाइयों को दूर कर सके और उसको कठिन बातों का तात्पर्य बता सके । हिन्दुओं में एक प्रथा है । लोग कहा करते हैं कि जब तक हम...

  • सहिष्णुता का कल्पनालोक

    सहिष्णुता का कल्पनालोक

    आखिर गत चार वर्षों में ऐसा क्या हुआ है जिसने चर्च को इतना बेचैन कर दिया है? क्या पर्दे के पीछे कुछ और ही खेल है? पहले दिल्ली के प्रधान पादरी अनिल काउटो तो अब गोवा...