पारा हुआ पचास
जेठ दुपहरी आग सी, झुलसे खेत-खलिहान।पारा चढ़कर बोलता, व्याकुल हुआ जहान॥ सूरज बरसे आग जब, तपे धरा आकाश।पारा हुआ पचास
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Read Moreविद्यालयों में अध्यापकों के मोबाइल फ़ोन उपयोग को लेकर एक बार फिर बहस तेज़ हो गई है। कहीं नए आदेश
Read Moreचाहा उन्हें समुद्र दें, वे निकले बदहाल।तालाबों में बिक गई, उनकी सारी चाल॥ जिनको सींचा प्रेम से, देकर अपना खून,वही
Read Moreपरीक्षा परिणाम आते ही आजकल विद्यालयों के बाहर एक अजीब सी होड़ दिखाई देने लगती है। कहीं बड़े-बड़े होर्डिंग लगे
Read Moreतू भी पायेगा कभी, फूलों की सौगात।धुन अपनी मत छोड़ना, सुधरेंगे हालात॥ काँटों वाली राह में, रखना मन विश्वास,मेहनत की
Read Moreनन्हे पग की चंचलता, भैया की मुस्कान,घर के छोटे आँगन में, बसता सारा जहान॥ बिस्तर बन गया खेलघर, हँसी बनी
Read Moreकिसी भी शहर की पहचान उसकी ऊँची इमारतों, चौड़ी सड़कों या चमकती रोशनियों से नहीं, बल्कि उसकी स्वच्छता और व्यवस्था
Read Moreहरियाणा के सरकारी विद्यालयों का हालिया परीक्षा परिणाम केवल एक शैक्षणिक उपलब्धि भर नहीं है, बल्कि यह उस सामाजिक मानसिकता
Read Moreशहर इन दिनों कूड़े से अटे पड़े हैं। सड़कों के किनारे सड़ते ढेर, गलियों में फैली दुर्गंध, नालियों में फँसी
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