Category : कथा साहित्य

  • थाली में चाँद

    थाली में चाँद

    इंद्रधनुषी फूलों की सजावट और सुगंध हर और छाई थी। शर्मीले पुष्पों से बनी मालाएं वातावरण को मनमोहक बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती थीं। बाहर के कमरे में ढोलक और गीतों की मिश्रित ध्वनि...

  • ममता की परीक्षा ( भाग – 8 )

    ममता की परीक्षा ( भाग – 8 )

      सुधीर की इस अप्रत्याशित हरकत से अनजान रजनी हड़बड़ाकर पीछे सरक गई थी और फिर स्थिति का भान होते ही अपने कदमों में झुके हुए सुधीर को दोनों कंधों से पकड़कर उसे सांत्वना देने का...


  • प्रतीक्षा

    प्रतीक्षा

    रीमा सामने बैठे सचिन को ताक रही थी। अचानक सचिन की निगाह पड़ी तो आँखों ही आँखों में उसने पूँछा ‘ऐसे क्यों ताक रही हो?’ रीमा ने अपनी आँखें झुका लीं। तभी अंदर जाने का बुलावा...

  • बदलाव

    बदलाव

    सारिका दस साल बाद अपनी बड़ी बहन के घर आई थी। विदेश में अपने बच्चों के पास रहने के कारण अपने बहनोई की मृत्यु पर भी नहीं आ सकी थी। सारिका महसूस कर रही थी कि...

  • पराए बच्चे

    पराए बच्चे

    दयाल बाबू आज फिर चोटिल होकर घर आए। घावों पर दवा लगाती हुई पत्नी बड़बड़ाने लगी। “क्यों जाते हैं उस बस्ती में नशे के खिलाफ प्रचार करने के लिए। अभी तो थोड़ा बहुत पीट कर छोड़...

  • काॅफी हाऊस

    काॅफी हाऊस

    ” काॅफी हाऊस ” कॉफी हाऊस के कॉफी टेबल पर बैठकर दिशा और आर्यन एक दूसरे को कनखियों से देख रहे थे। शायद दोनों एक दूसरे की आंखों को पढ़ने का प्रयास कर रहे थे। पर...

  • कहानी :  जिद्दी यात्री

    कहानी : जिद्दी यात्री

    ”कौन हो तुम भाई! जो अंधेरे में इस उजाड़ रास्ते में भटक कर यहां आ गए हो”यात्री बोला, ”मैं एक परदेसी हूं, पर अपनी पहचान नहीं बता सकता क्योंकि मैं घर छोड़ कर इसलिए आया हूं...


  • आज का रावण

    आज का रावण

      जय श्री राम का घोष अवकाश में गूँज उठा और खुशी और कौतूहल से भरा रावण धरती के उस हिस्से पर आ धमका जहाँ से यह घोषणा अभी भी गाहे बगाहे गूँज रही थी ।...